दिल्ली : सरकारी अस्पतालों में दिल्ली सरकार के दावों की खुली पोल नहीं मिला मरीजों को स्ट्रेचर

रिपोर्ट : रवि डालमिया

दिल्ली के सरकारी अस्पतालों में सुधार के दिल्ली सरकार के दावों की उस समय पोल खुलती नजर आईं जब शास्त्री पार्क स्थित जग प्रवेश अस्पताल में मुस्तफाबाद सिलेंडर ब्लास्ट और आग की घटना में झुलसे पीड़ितों को बिना किसी स्ट्रेचर के ही पैदल एम्बुलेंस तक लेे जाया गया हालांकि अस्पताल से इन पीड़ितों को सफदरजंग अस्पताल के लिए रैफर कर दिया गयागौरतलब है कि मुस्तफाबाद इलाके में सिलेंडर ब्लास्ट और आग की घटना में एक शख्स की मौत हो गई जबकि आधा दर्जन से ज्यादा लोग घायल हो गए जिस जगह आग लगी वह बिजली का उपकरण बनाने की फैक्ट्री बताई जाती है और सभी पीड़ित उसी फैक्ट्री में काम करते हैं सिलेंडर ब्लास्ट और आग लगने की घटना के बाद स्थानीय लोगों के साथ साथ दमकल कर्मियों ने कड़ी मशक्कत के बाद फैक्ट्री से घायलों को बाहर निकालकर अस्पताल पहुंचाया।

विधायक हाजी युनूस ने भी अस्पताल पहुंचकर पीड़ितों का हालचाल पूछा

घायलों को तत्काल ही शास्त्री पार्क स्थित दिल्ली सरकार के जग प्रवेश अस्पताल लेे जाया गया,हालत बिगड़ने पर उन्हें सफदरगंज अस्पताल के लिए रैफर कर दिया गया मुस्तफाबाद से आम आदमी पार्टी के विधायक हाजी युनूस ने भी अस्पताल पहुंचकर पीड़ितों का हालचाल पूछा जग प्रवेश अस्पताल के आपातकालीन द्वार पर खड़े इन मरीजों को देखकर किसी का भी दिल पसीज जाए,हाथ में ड्रिप लगाए,बुरी तरह से झुलसे मरीजों को हालांकि अस्पताल के कपड़े पहनाए गए थे,लेकिन उन्हें एंबुलेंस तक के जाने के लिए स्ट्रेचर भी उपलब्ध नहीं थे जिसकी वजह से उनके परिजन पीड़ितों को पैदल ही एंबुलेंस तक लेे गए और फिर उन्हें दूसरे अस्पताल के लिए रवाना किया गया इस से अंदाजा लगाया जा सकता है कि दिल्ली सरकार के अस्पतालों को बेहतर करने के सरकार के दावे किस हद तक पक्के हैं।

Comments are closed.